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रेलवे में प्रमोशन के लिए 2 साल की सेवा कब पूरी होनी चाहिए? रेलवे बोर्ड का स्पष्टीकरण (IREM पैरा 214(i), 10.08.2026)

रेलवे में प्रमोशन के लिए 2 साल की सेवा कब पूरी होनी चाहिए? रेलवे बोर्ड का स्पष्टीकरण (IREM पैरा 214(i), 10.08.2026)

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Date of Posting
1 November 2026
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All states

रेलवे में प्रमोशन के लिए निचले ग्रेड में कम से कम दो साल की सेवा चाहिए। सवाल यह था कि ये दो साल कब तक पूरे हो जाने चाहिए। रेलवे बोर्ड ने 10 अगस्त 2026 के पत्र में इसे साफ किया है: दो साल की शर्त उस अवधि के भीतर पूरी होनी चाहिए जिसके लिए पदों (vacancies) का आकलन किया जा रहा है, यानी सिलेक्शन पदों में 15 महीने और नॉन-सिलेक्शन पदों में 12 महीने। इस लेख में पत्र की बात आसान भाषा में है।

हालाँकि, IREM पैरा 214(i) में वास्तविक प्रमोशन के समय दो साल की सेवा पूरी होने की शर्त भी लिखी है। रेलवे बोर्ड के पत्र में इन दोनों प्रावधानों को साथ पढ़ने का विस्तृत तरीका स्पष्ट नहीं किया गया है। इसलिए संबंधित कर्मचारी को अपनी पर्सनल ब्रांच से लागू स्थिति की पुष्टि करनी चाहिए।

मुख्य बातें

  • नियम: IREM खंड-I का पैरा 214(i), निचले ग्रेड में दो साल की सेवा।

  • स्पष्टीकरण: दो साल की शर्त पदों के आकलन की अवधि के भीतर पूरी होनी चाहिए: सिलेक्शन पदों में 15 महीने, नॉन-सिलेक्शन पदों में 12 महीने।

  • जिन पुराने मामलों में अलग फैसला हो चुका है, उन्हें दोबारा खोलने की जरूरत नहीं।

पत्र एक नजर में

पत्र

रेलवे बोर्ड का पत्र संख्या E(NG)/2026/PM1/24

तारीख

10 अगस्त 2026, नई दिल्ली

किसे भेजा

महाप्रबंधक (P), सभी जोनल रेलवे और उत्पादन इकाइयाँ

विषय

प्रमोशन के लिए तय न्यूनतम सेवा-अवधि (residency period) की पूर्ति पर IREM खंड-I के पैरा 214(i) की प्रयोज्यता पर स्पष्टीकरण

किस पत्र के जवाब में

उत्तर रेलवे का पत्र संख्या 752-E/Policy Matter/EIIIA दिनांक 15.07.2026

हस्ताक्षर

अजय गोयल, उप निदेशक-III, E(NG)I, रेलवे बोर्ड

नियम क्या कहता है: IREM पैरा 214(i)

पत्र के पैरा 2 में नियम का यह पाठ दिया है (हिंदी में आसान शब्दों में):

  • निचले ग्रेड में कम से कम दो साल की सेवा वाले कर्मचारी ही प्रमोशन के पात्र होंगे, जब तक किसी खास श्रेणी में निचले ग्रेड की ज्यादा सेवा की शर्त न लगाई गई हो।

  • इस सेवा में वह सेवा भी गिनी जाती है जो तदर्थ (ad hoc) आधार पर की गई हो और उसके बाद बिना किसी अंतराल के नियमित सेवा आई हो।

  • दो साल की शर्त वास्तविक प्रमोशन के समय पूरी हुई होनी चाहिए, जरूरी नहीं कि विचार के चरण पर।

  • अगर इस नियम से किसी जूनियर को प्रमोशन के लिए पात्र माना जाए, तो उसका सीनियर भी पात्र होगा, भले ही उसकी निचले ग्रेड में कुल सेवा दो साल (या श्रेणी में तय ज्यादा अवधि) न हुई हो।

ये बातें नियम के उसी पाठ में हैं जो पत्र ने दोहराया है। ये इस स्पष्टीकरण की नई बातें नहीं हैं।

बोर्ड ने क्या स्पष्ट किया (पैरा 4)

उत्तर रेलवे ने 15.07.2026 के पत्र में उन कर्मचारियों के प्रमोशन के बारे में स्पष्टीकरण माँगा था जिन्होंने न्यूनतम सेवा-अवधि पूरी नहीं की है (पैरा 3)। बोर्ड ने मामले को जाँचकर साफ किया कि पैरा 214(i) की दो साल की सेवा की शर्त ऊँचे ग्रेड में प्रमोशन के लिए उस अवधि के भीतर पूरी होनी चाहिए जिसके लिए पदों का आकलन हो रहा है:

पद का प्रकार

पदों के आकलन की अवधि

सिलेक्शन पद

15 महीने

नॉन-सिलेक्शन पद

12 महीने

पत्र के अनुसार यह पदों के आकलन के बारे में “लागू निर्देशों” (extant instructions) के हिसाब से है।

पुराने मामले (पैरा 5)

जिन पुराने मामलों में अलग तरीके से फैसला हो चुका है, उन्हें दोबारा खोलने की जरूरत नहीं है।

एक उदाहरण (सिर्फ समझाने के लिए, तारीखें काल्पनिक)

  • मान लें कि लागू निर्देशों के अनुसार किसी सिलेक्शन पद के लिए 15 महीने की आकलन अवधि 1 जनवरी 2027 से 31 मार्च 2028 तक निर्धारित की गई है।

  • कर्मचारी A के निचले ग्रेड में दो साल 20 फरवरी 2028 को पूरे होते हैं। यह तारीख आकलन की अवधि के भीतर है। इसलिए रेलवे बोर्ड के 10.08.2026 के स्पष्टीकरण के अनुसार यह शर्त पूरी होने की स्थिति बनती है। हालांकि, वास्तविक प्रमोशन की तारीख पर IREM पैरा 214(i) की शर्त भी लागू होगी या नहीं, इसकी पुष्टि संबंधित प्रशासन से करनी चाहिए।

  • कर्मचारी B के दो साल 10 मई 2028 को पूरे होते हैं। यह तारीख अवधि के बाद है, इसलिए इस स्पष्टीकरण के हिसाब से उसकी शर्त पूरी नहीं मानी जा सकती।

  • यह हमारी समझ का उदाहरण है। अवधि की गिनती कहाँ से शुरू होगी और कहाँ खत्म होगी, यह पत्र में नहीं लिखा है। यह “लागू निर्देशों” से तय होगा।

पत्र में क्या साफ नहीं है

  • नियम का पाठ कहता है कि दो साल की शर्त वास्तविक प्रमोशन के समय पूरी होनी चाहिए। नया स्पष्टीकरण आकलन की अवधि के भीतर पूरी होने की बात कहता है। पत्र इस पुरानी पंक्ति को हटाने की बात नहीं करता, और यह नहीं बताता कि दोनों को साथ कैसे पढ़ा जाए। अपनी पर्सनल ब्रांच से पूछें।

  • “सिलेक्शन पद” और “नॉन-सिलेक्शन पद” की परिभाषा, और पदों के आकलन के “लागू निर्देश” पत्र में नहीं दिए हैं।

  • उत्तर रेलवे ने जो कर्मचारी स्थिति बताई थी, उसका ब्योरा पत्र में नहीं है।

  • पत्र यह नहीं बताता कि यह स्पष्टीकरण किन चल रही चयन प्रक्रियाओं पर लागू होगा। सिर्फ यह लिखा है कि पुराने मामलों में अलग फैसला हो चुका हो तो उन्हें दोबारा खोलने की जरूरत नहीं।

कर्मचारी अपनी पात्रता कैसे जाँचें?

  1. अपने वर्तमान निचले ग्रेड में नियमित और पात्र तदर्थ सेवा की तारीख जाँचें।

  2. पता करें कि पद सिलेक्शन है या नॉन-सिलेक्शन।

  3. संबंधित पदों की आकलन अवधि की शुरुआत और समाप्ति की तारीख पर्सनल ब्रांच से लें।

  4. दो साल की सेवा पूरी होने की तारीख की तुलना उस अवधि से करें और वास्तविक प्रमोशन की तारीख पर लागू शर्त की लिखित पुष्टि लें।

इसके अलावा (हमारा सुझाव, नियम नहीं):

  • अगर आपकी दो साल की सेवा आकलन अवधि के कुछ ही दिन बाद पूरी हो रही है, तो इस पत्र का हवाला देकर लिखित में पूछें कि आपकी स्थिति कैसे देखी गई।

  • किसी भी निर्णय की सूचना लिखित में माँगें और अपने कागजों की रिसीविंग सँभालकर रखें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या यह रेलवे बोर्ड का नया नियम है?

नहीं। यह IREM के पैरा 214(i) पर स्पष्टीकरण है। पत्र खुद यह लिखता है कि “यह स्पष्ट किया जाता है”।

दो साल की सेवा में तदर्थ सेवा गिनी जाएगी?

नियम के पाठ के अनुसार हाँ, अगर तदर्थ सेवा के बाद बिना अंतराल के नियमित सेवा आई हो। यह बात पत्र में दोहराए गए नियम में लिखी है, नए स्पष्टीकरण में नहीं।

सिलेक्शन पद में कितने महीने का आकलन होता है?

पत्र के अनुसार 15 महीने। नॉन-सिलेक्शन पदों में 12 महीने।

क्या सीनियर को भी मौका मिलता है अगर जूनियर पात्र हो?

IREM पैरा 214(i) के दिए गए पाठ के अनुसार, यदि इस नियम के तहत कोई जूनियर कर्मचारी पात्र माना जाता है, तो उसका सीनियर भी पात्र होगा, भले ही उसकी अपनी सेवा अवधि दो साल से कम हो। संबंधित मामले में लागू शर्तों की पुष्टि प्रशासन से करें।

क्या पुराने फैसले बदलेंगे?

पत्र के पैरा 5 के अनुसार, जिन मामलों में अलग फैसला हो चुका है उन्हें दोबारा खोलने की जरूरत नहीं।

यह किस रेलवे पर लागू है?

पत्र सभी जोनल रेलवे और उत्पादन इकाइयों के महाप्रबंधक (P) को भेजा गया है।

रेलवे में प्रमोशन के दूसरे रास्तों की जानकारी हमारे लेख GDCE से प्रमोशन कैसे मिलता है में है।

इस लेख के स्रोत: रेलवे बोर्ड का पत्र E(NG)/2026/PM1/24, दिनांक 10.08.2026 (पैरा 2 से 5), जो उत्तर रेलवे के पत्र 752-E/Policy Matter/EIIIA दिनांक 15.07.2026 के जवाब में जारी हुआ।

यह जानकारी रेलवे बोर्ड के पत्र पर आधारित है और केवल जानकारी के लिए है। उदाहरण हमारे हैं, आदेश का हिस्सा नहीं। पात्रता का अंतिम निर्णय IREM के लागू नियमों और सक्षम प्राधिकारी पर निर्भर है। अपनी पर्सनल ब्रांच से पुष्टि जरूर करें।

View original order (PDF) →
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